Friday, 30 March 2018

नॉर्थ ईस्ट डायरी: मणिपुर में 10 दिनों से राज्य के सरकारी कर्मचारी अनिश्च...









भारत जल रहा है. पूंजीवाद अपने जीवन के अंतिम पड़ाव पर है, पर इस सडांध को बचाने के लिए वह हर घृणित काम कर रहा है.
मजदूर वर्ग को विभाजित करने का हर हथकंडा, जैसे धर्म और जाति के आधार पर उनके बीच घृणा पैदा करना, दंगा करवाना.
बेरोजगारी चरम सीमा पर है, पर मीडिया को वह नहीं दिखता. इज़राईल के प्रधानमंत्री नेतान्याहू को किस चीज की चटनी खिलाई जा रही है, या उत्तरी कोरिया को अमेरिका कैसे परास्त करेगा या हिंदू मुस्लिम दंगा कैसे फलाया जाय ज्यादा महत्वपूर्ण मुद्दा है.
( इस बीच 31 मार्च को दिल्ली के संसद मार्ग में एसएससी में धांधली और भ्रष्टाचार से पीड़ित हज़ारों छात्र युवा सरकार के सामने अपनी मांग रखते हुए विरोध प्रदर्शन करेंगे।
इसका नाम दिया गया है 'युवा हल्ला बोल'! पर यह कॉर्पोरेट मिडिया को दिखाई नहीं देगी.)
सर्वहारा क्रांति ही रास्ता है फासीवाद (पूंजीवाद की सबसे घृणित और हिंसात्मक रूप) को ध्वस्त करने के लिए और समाजवाद का निर्माण करने के लिए! ताकि ऐसा समाज बन सके जहाँ सबको रोजगार मिल सके, मुफ्त शिक्षा और स्वास्थ्य सेवा मिल सके, सबको आवास मिल सके.

Tuesday, 20 March 2018

Ravish Kumar Prime Time 19 March18 ; JNU Attendance , DUTA protest | Uni...







बेरोजगारी विकराल रूप ले चुकी है. व्यापक रोष है.
दूसरे तरफ बढती महंगाई, भ्रष्टाचार, बडे पूंजीपतियों की बढती लूट और मुनाफा, किसानों, आदिवासियों, दलितों, अल्प संख्यकों, महिलाओं पर बढता अत्याचार पूरे मजदूर वर्ग और किसानों को आंदोलन के रास्ते पर ला रहा है. 

अब हम 2012 के तरह की आंदोलन का समर्थन नहीं करेंगे. हमारा आंदोलन सत्ता के परिवर्तन से जुड़ेगा, पूंजीवाद से समाजवाद में समक्रमण से जुड़ेगा. 
यह क्रांति होगा. यहीं बेरोजगार खत्म होगा, भ्रष्टाचार और अपराध शून्य होगा, दूसरों के श्रम शक्ति पर मोटे हो रहे, जाहिल और काहिल पूंजीपति और राजनीतिग्य कारावास में होंगे. अज्ञानता और अंधविश्वाश ख़त्म होगा. आतंकवाद और युद्ध इतिहास के पुस्तकों में होंगे. 
इंकलाब ज़िंदाबाद!